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नई दिल्ली डेस्क : कल्याणपुरी में सफाई कर्मचारी अनिल की दिनदहाड़े चाकू मारकर हत्या किए जाने के मामले में पिछले दो दिनों से धरना दे रहे AAP विधायक कुलदीप कुमार को मंगलवार सुबह करीब 4 बजे दिल्ली पुलिस द्वारा उनके घर से ले जाने का आरोप लगाया है. AAP दिल्ली यूनिट के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज और विधायक कुलदीप कुमार के आधिकारिक हैंडल से दावा किया गया कि आज सुबह 4 बजे करीब 20 पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में पहुंचे और AAP विधायक को अगवा कर ले गए हैं. सौरभ भारद्वाज के बाद अब AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने इस मुद्दे पर केंद्र से तीखे सवाल पूछे हैं. उन्होंने कहा कि पुलिस कुलदीप कुमार को घर से उठा ले गई है, अगर बिना किसी कारण इस तरह पुलिस कार्रवाई करेगी तो आम आदमी कहां जाएगा. केजरीवाल ने प्रधानमंत्री को टैग करते हुए एक्स पर लिखा, प्रधानमंत्री मोदी जी, हमारे विधायक कुलदीप कुमार कहां हैं?. उन्होंने कहा कि सुबह 4 बजे आपकी दिल्ली पुलिस कुलदीप कुमार को उनके घर से उठा ले गई, CCTV तोड़ दिए और DVR साथ ले गई. आपकी पुलिस कुछ नहीं बता रही. अगर एक विधायक को बिना किसी जानकारी के बिना किसी कारण इस तरह पुलिस घर से उठा कर ले जा सकती है तो इस देश में आम आदमी बेचारा कहां जाए. ये देश आपकी ऐसी गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं करेगा. सौरभ ने दावा किया कि कुलदीप कुमार पिछले दिनों से सफाई कर्मचारियों के साथ धरने पर बैठे थे. वह मृतक अनिल के परिवार को मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे.
उन्होंने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से परिवार से मिलने की मांग की थी, लेकिन प्रदर्शनकारियों से मिलने के बजाय विधायक कुलदीप कुमार को किसी अज्ञात जगह पर ले जाया गया है. दिल्ली के पूर्व मंत्री ने एक अन्य पोस्ट में ये भी दावा किया कि पुलिस जबरदस्ती मृत सफाई कर्मचारी का दाह संस्कार करवा रही है. सफाई कर्मचारी की निर्मम हत्या के बाद दो दिन से हजारों सफाई कर्मचारी धरने पर बैठे थे. उनका कहना था कि सरकार 1 करोड़ मुआवजा दे, मगर अब पुलिस मृत शरीर को जबरदस्ती अस्पताल से घर ले आई है. उन्होंने पुलिस पर जबरन अंतिम संस्कार कराना का दवाब बनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस धमका रही है कि अभी दाह संस्कार करो. AAP का आरोप है कि प्रदर्शनकारियों की मांगों पर ध्यान देने के बजाय पुलिस ने विधायक को उठा लिया. उधर, टीम कुलदीप कुमार ने ये भी दावा किया कि सफाई कर्मचारी के परिवार को डराया-धमकाया जा रहा है और परिवार की सहमति के बिना शव का जबरन अंतिम संस्कार कराने की कोशिश हो रही है. इससे पहले सोमवार को विधायक ने खुद आरोप लगाया था कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली पुलिस को निर्देश दिए हैं कि उन्हें गिरफ्तार कर शव का जबरन दाह संस्कार कराया जाए. उन्होंने चेतावनी दी थी कि ऐसी कार्रवाई सरकार के लिए नुकसानदेह साबित हो सकती है. हालांकि, अभी तक दिल्ली पुलिस या दिल्ली सरकार की ओर से इस आरोप पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.